मेहनत की रोशनी में नहाया मऊ, जब गुरुजनों का हुआ सम्मान
करहां, मऊ। जब कर्तव्य पूजा बन जाए और शिक्षा एक मिशन, तब साधारण प्रयास भी असाधारण उपलब्धियों में बदल जाते हैं। कुछ ऐसा ही नज़ारा गुरुवार को जनपद मऊ के नगर पालिका कम्युनिटी हॉल में देखने को मिला, जहां शिक्षा के दीप जलाने वाले गुरुओं को सम्मान की उजली किरणों से नवाज़ा गया।
उत्तर प्रदेश सरकार के ऊर्जा एवं नगर विकास मंत्री ए.के. शर्मा के कर कमलों से जब शिक्षकों का सम्मान हुआ, तो मानो पूरे शिक्षा जगत का मस्तक गर्व से ऊंचा हो गया। यह सम्मान केवल व्यक्तियों का नहीं, बल्कि उस समर्पण, तपस्या और विश्वास का था, जिसने गांव-गांव में शिक्षा की अलख जगाई। इसी क्रम में मुहम्मदाबाद गोहना ब्लॉक के प्राथमिक विद्यालय मालव के प्रधानाध्यापक धनंजय कुमार सिंह ने अपनी कर्मठता से एक नई मिसाल कायम की। नामांकन में उल्लेखनीय वृद्धि कर उन्होंने न सिर्फ अपने विद्यालय को पहचान दिलाई, बल्कि पूरे ब्लॉक का मान भी बढ़ाया। जब मंच पर उनका नाम पुकारा गया, तो वह पल केवल सम्मान का नहीं, बल्कि संघर्षों की जीत का प्रतीक बन गया।
जनपद के अन्य कोनों से भी समर्पण की ये रोशनी झलकी। रानीपुर के उच्च प्राथमिक विद्यालय दौलसेपुर, कोपागंज के कंपोजिट विद्यालय कुर्थी जाफरपुर, रतनपुरा के उच्च प्राथमिक विद्यालय गाढ़ा और फतेहपुर मंडाव के प्राथमिक विद्यालय गांगेवीर के प्रधानाध्यापक भी इसी उजास के वाहक बने। कार्यक्रम में उपस्थित अधिकारियों और शिक्षाविदों ने एक स्वर में स्वीकार किया कि ये शिक्षक केवल पाठ नहीं पढ़ाते, बल्कि भविष्य गढ़ते हैं। उनके प्रयासों से शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ी है और नामांकन के आंकड़े नई ऊंचाइयों को छू रहे हैं। यह आयोजन केवल सम्मान का मंच नहीं था, बल्कि एक संदेश था- कि जब इरादे मजबूत हों और नीयत साफ, तो छोटे-छोटे विद्यालय भी बड़े बदलाव की कहानी लिख सकते हैं।

Post a Comment